केरल के वायनाड जिला मे दो सप्ताह बारीश के बाद मिटती में बहुत नमी आ गई है। जिससे भूस्खलन हुआ है। और इस भूस्खलन से 106 मौत की मौत हो गई है। और इसके साथ घायल लोगो की संख्या 128 है। और इसमें बताया जा रहा ह, कि इस भूस्खलन होने से कई लोग फंसे हुए हैं। और उसे खोजने की पुरी तैयारी कर रही है।
और बताया जा रहा है, की अरब सागर और गर्म हो रही है। जिससे अरब सागर ऊपर गहरे बादल बन रहा है। और इसमें बताया कि दुबारा भूस्खलन हो सकता है। यह पूरा 100% गारंटी है। और अगर अबकी बार भूस्खलन हुआ। तो केरल के वायनाड जिला को पुरी तरह से तहस – नहस कर सकते है। और इससे प्रभावित कई जिलों में जा सकता है।
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और आपको बता दें, कि यह एक बार पहले भी भूस्खलन हुआ था। जिससे बताया जा रहा है, कि यह भूस्खलन 2019 में हुआ था। जो केरला में बहुत ही अंधाधुन बारिश, तेज हवा और खतरनाक भूस्खलन हुआ था। जो पहले केरला को बहुत ही ज्यादा नुकसान पहुंचाया था। और फिर एक बार अरब सागर के गर्म होने से हुआ भूस्खलन से 106 हुई मौत । ये तो अभी भूस्खलनहोना शुरू ही हुआ है।

जिससे आगे चलकर बहुत ही खतरनाक बारिश के साथ भूस्खलन होने की बहुत ही ज्यादा संभावना है। और वैज्ञानिकों कह रहे हैं। की दक्षिण-पूर्व अरब सागर हो रहा है गर्म’ जिससे वैज्ञानिकों ने बताया कि अरब सागर के ऊपर बहुत ही खतरनाक बादल बन रहे हैं। और जिससे फिर अगर गलती से स्थल पर यह बादल आ गया। तो फिर केरला के शहर को पुरी तरह से विनाश कर देगा ।
जिससे केरला के अलावा दुसरी राज्य में भी यह जा सकता है। और उस जगह को भी खतम कर देगा। यह भूस्खलन धीरे — धीरे बहुत ही ज्यादा बड़ रहा है। इस भूस्खलन को अभिलाष ने कहा कि, हम शोध कर रहे हैं। और हमे पता भी चला है, कि दक्षिण-पूर्व अरब सागर में तापमानबहुत तेजी से बढ़ रहा है। जिससे भूस्खलन को होने वाली है।
मौसम विज्ञान के अनुसार भारत मे केरल राज्य के कुछ शहरो को शामिल किया गया है। जिससे बताया गया है,पलक्कड़, कोझीकोड, वायनाड, कन्नूर, मलप्पुरम और एर्नाकुलम इन शहरो मे बारिश को होने दर 19 सेंटीमीटर से 35 सेंटीमीटर के बीच वर्षा दर्ज की गई है। इसीलिए इन को सावधान रहना होगा। नही तो कब बारिश आ जाएंगे और इसके साथ भूस्खलन भी आएगा।

जो अरब सागर के ऊपर बन रहे गहरे बादल जो अब एक जरूर आएगा। स्वचालित मौसम के अनुसार केंद्रों में अभिलाष ने कहा, की क्षेत्र में आईएमडी के अधिकांश मौसम के केंद्रों में 24 घंटों में 24 सेंटीमीटर की दर से अधिक बारिश दर्ज होने वाली है। और किसानों को बहुत ही नुकसान हो रहा है। पहले तो बारिश के कारण गांव को तहस – नहस कर दिया है। तो किसान के खेतो को क्या हालत की है। किसानों के द्वारा वर्षा मापी केंद्रों पर लगता है, कि 30 सेंटीमीटर से अधिक बारिश किसानों द्वारा दर्ज की गई है।
और एक चौकाने वाली बात को खुलासा किया गया है। की केरला के वायनाड जिले के पहाड़ी इलाकों में बहुत ही भरी बारिश होने के कारण सभी क्षेत्रों मे पानी भर गया है। जिससे भूस्खलन हुआ और 106 लोगो की मौत हो गई है। और इसमें घायल लोगो की संख्या आपको 128 हुई थी। और कहा जा रहा है, कि कई लोगो को मलबे में फंसे हुए हैं।

और इस लोगो को निकलने के लिए नियन्तर प्रयास किया जा सके हैं। और हो सकता है, कि कभी भी बारिश और भूस्खलन हो सकता है। क्योंकि इस भयानक दृश्य को देखकर रूह काप जाता है। इससे पहले 2019 मे इससे खतरनाक दृश्य था। हमलोग को भले ही नहीं याद रहता है। की कौन साल मे कौन सी घटना हुई थी। हो सकता है, कि केरला के मंत्री कुछ सहायता कर सकते है। अगर सहायता नहीं करती है, तो और कई घर को उजाड़ सकता है।
और ज्यादा इस घटना का असर किसानों पर ज्यादा पड़ता है। क्योंकी किसानों के पास ज्यादा कुछ नहीं रहता है। और वह खाने के लिए अनाज उगाते हैं। इससे वह अपने परिवार को सालो – साल भोजन के लिए अनाज को जमा कर लेते थे। लेकीन इस बार किसानों को बहुत ही ज्यादा परेशानी उठानी
पड़ रही है।




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